Author Topic: Mega Corruptions cases in Uttrakhand - उत्तराखंड में भ्रष्टाचार के बड़े मुद्दे  (Read 16311 times)

Devbhoomi,Uttarakhand

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माल बेचा 20 करोड़ का, दिखाया शून्य

वाणिज्यकर विभाग ने इलेक्ट्रॉनिक्स उपकरणों के सर्किट बनाने वाली एक कंपनी में छापा मारकर लगभग 20 करोड़ रुपये की सेल्स टैक्स चोरी पकड़ी है। कंपनी सेल्स टैक्स रिटर्न में एक साल से बिक्री शून्य दिखा रही थी, जबकि छापे के दौरान मिले रेकॉर्ड बता रहे थे कि 20 करोड़ रुपये की बिक्री हुई है। विभाग की इन्वेस्टिगेशन टीम ने कंपनी की सिडकुल (हरिद्वार) फैक्ट्री व देहरादून स्थित हेड ऑफिस के सभी खाते सीज कर दिए हैं।

 
मंगलवार को वाणिज्यकर विभाग की टीम ने इलेक्ट्रॉनिक्स उपकरणों के पा‌र्ट्स बनाने वाली एक कंपनी की फैक्ट्री व देहरादून स्थित ऑफिस में छापे मारे। सेल्स टैक्स डिपार्टमेंट को लंबे समय से संदेह था कि कंपनी सेल्स टैक्स की चोरी कर रही है। विभाग की इन्वेस्टिगेशन ब्रांच एक साल से मामले की छानबीन कर रही थी। पुख्ता जानकारी मिलने पर ब्रांच की तीन टीमों ने मंगलवार को कंपनी के राजपुर रोड, देहरादून स्थित हेड ऑफिस व सिडकुल फैक्ट्री में एक साथ छापा मारा।


अधिकारियों ने बिक्री से जुड़े दस्तावेज खंगाले तो पता चला कि 20 करोड़ रुपये का माल बेचा गया है, जबकि रिटर्न में कंपनी प्रबंधन ने बिक्री शून्य दिखाई थी। टीम ने कंपनी के सभी खाते सीज कर दस्तावेज कब्जे में ले लिए।


http://in.jagran.yahoo.com/news/local/uttranchal/4_5_8244346.html

Devbhoomi,Uttarakhand

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पेयजल योजना में धांधली की जांच के निर्देश

बैजरो। बीरोंखाल ब्लाक के अंतर्गत अंबेडकर ग्राम सिसईं में आयोजित चौपाल में ग्रामीणों ने नाकुरी-रगड़ीगाड-कोलरी पेयजल योजना के पुनर्गठन में वित्तीय अनियमितताओं का मसला प्रमुख से उठाया। युवा कल्याण मंत्री खजानदास ने एसडीएम को पेयजल योजना के निर्माण संबंधी जांच कर 15 दिनों के भीतर रिपोर्ट तलब करने के निर्देश दिए। चौपाल में मंत्री खजानदास ने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और कई समस्याओं का मौके पर निस्तारण किया।

 ग्रामीणों ने प्राथमिक विद्यालय सिसईं में 50 छात्रों पर मात्र एक शिक्षक की तैनाती पर रोष व्यक्त किया। मंत्री ने बीईओ को एक सप्ताह में एक अन्य शिक्षक की तैनाती के निर्देश दिए। युवा कल्याण मंत्री ने कहा कि कोचिला-बाड़ाढांडा मोटर मार्ग को पुल सहित वित्तीय स्वीकृत प्राप्त हो चुकी है।

 शीघ्र ही टेंडर प्रक्रिया शुरू होने के उपरांत निर्माण शुरू होगा। ब्लाक प्रमुख जोगेंद्र बिष्ट ने मंत्री के समक्ष स्वास्थ्य केंद्र बैजरो और फसराड़ी में चिकित्सकों की तैनाती आदि  मांगें उठाईं। उन्होंने जूहा स्कूल सिसईं के खेल मैदान के लिए पाइका के तहत एक लाख रुपये उपलब्ध कराने की घोषणा भी की। दूसरी ओर विधायक प्रतिनिधि दर्शन सिंह ने अंबेडकर चौपाल को दूरस्थ क्षेत्र में आयोजित करने और इसका प्रचार न करने पर रोष जताया।




सब के सब चोर भरे हैं साले हर जगह हर शंस्था में कोई पानी की चोरी कर रहा हो तो कोई बिजली के मीटरों की और कोई गैस की एक दिन ये चोर उन गरीबों के आसूं में  बहेगें



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ब्लैकलिस्टेड कंपनी उत्तराखंड में फेवरेट
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बिजली की सुरक्षा तथा चोरी रोकने जैसे महत्वपूर्ण यंत्र बनाने वाली हरियाणा में ब्लैकलिस्टेट कंपनी को उत्तराखंड में खरीद के आर्डर दिए जा रहे हैं। इस कंपनी को ब्लैकलिस्टेड घोषित करने की सूचना उत्तराखंड ऊर्जा निगम को भी दी गई थी। सूचना मिलने के बाद इस कंपनी को लाखों रुपये के दो आर्डर दिए जा चुके हैं।
ऊर्जा निगम हरियाणा ने आधुनिक यंत्र उद्योग कंपनी को 2010 में तीन साल के लिए ब्लैकलिस्टेड घोषित करते हुए उत्तराखंड समेत दूसरे राज्यों को इसकी सूचना भेज दी थी। इसके बाद उत्तराखंड ऊर्जा निगम ने इस कंपनी को दो आर्डर दिए हैं। पहला आर्डर 13 दिसंबर 2010 को 15.93 लाख का दिया गया, उसके बाद दूसरा आर्डर 27 मई 2011 को 12.25 लाख का दिया गया है।
आधुनिक यंत्र उद्योग को दिसंबर 2010 में 33 केवी पिल्फर रजिस्टेंट मीटरिंग क्यूबिकल्स का आर्डर दिया गया था। पिल्फर रजिस्टेंट के 18 नगों की प्रति नग 87500 रुपये की दर से कुल कीमत 15.93 लाख रुपये का आर्डर दिया गया। उसके बाद मई 2011 में 11 केवी पिल्फर रजिस्टेंट मीटरिंग क्यूबिकल्स के 50 नग खरीदने का दूसरा आर्डर दिया गया। 11 केवी पिल्फर रजिस्टेंट की प्रति नग कीमत 24300 रुपये है। 50 नगों की कुल कीमत 12.25 लाख रुपये हुई।


http://in.jagran.yahoo.com/news/local/uttranchal/4_5_8365137.html

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

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तीन करोड़ का कमीशन चीनी मिलों में फंसा
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गन्ना सप्लाई पर मिलने वाला कमीशन चीनी मिलों में फंस गया है। इससे समितियों की आर्थिक व्यवस्था लड़खड़ा गयी है। कर्मचारियों के वेतन भुगतान से लेकर अन्य प्रबंध व्यवस्था पूर्ण रूप से प्रभावित है। ऐसे में समितियां दिवालिया होने के कगार पर पहुंच रही हैं।

किसानों और चीनी मिलों के बीच की कड़ी सहकारी गन्ना समितियां होती हैं। सेंट्रल गवर्नमेंट के निर्धारित गन्ना मूल्य पर तीन प्रतिशत कमीशन सहकारी गन्ना समितियों का होता है। इनमें ढाई प्रतिशत समिति और आधा प्रतिशत गन्ना विकास विभाग का होता है। इस साल के सप्लाई गन्ने का 1.86 करोड़ 47 हजार रुपये कमीशन भुगतान नहीं हो सका। गुजरे वर्ष का भी एक करोड़ कमीशन रुका है। इससे समितियां दिवालिया होने के कगार पर पहुंच रही हैं। आर्थिक संकट से जूझ रही इन समितियों के कर्मचारियों को ज्योतिपर्व दीपावली पर भी वेतन भुगतान नहीं हो सका। कुमाऊं मंडल में नैनीताल और ऊधमिसंह नगर क्षेत्र में छह सहकारी गन्ना समितियां हैं। इनमें लगभग डेढ़ सौ स्थायी और अस्थायी कर्मचारी हैं। इन समितियों के क्षेत्र के गन्ने बाजपुर, सितारगंज, किच्छा आदि चीनी मिलों में सप्लाई होते हैं। गन्ना सत्र गुजरने के बाद नया सत्र शुरु होने वाला है, लेकिन अब तक कमीशन का भुगतान नहीं हुआ। बाजपुर व हल्द्वानी समिति के सचिव धर्मवीर सिंह बताते हैं कि मंडल के सभी समितियों के लगभग तीन करोड़ रुपये चीनी मिलों में जाम है। कई बार कमीशन भुगतान के लिए चीनी मिलों को पत्र प्रेषित किया जा चुका है, लेकिन अब तक भुगतान नहीं हुआ।

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किसका कितना है बकाया

वर्ष 2011

समिति राशि लाख में

नादेई 60.40

बाजपुर 63.74

गदरपुर 42.40

सितारगंज 19.93

टोटल 186.47 लाख

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वर्ष 2010

बाजपुर 10.00

सितारगंज 90.00

टोटल 100.00 लाख

http://in.jagran.yahoo.com/news/local/uttranchal/4_5_8432965.html

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तंत्र जागा, तो उड़ी माफिया की नींद
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उत्तरकाशी, : जिले में प्रतिबंध के बावजूद गरज रहे स्टोन क्रशर व अवैध खनन पर प्रशासन ने फिलहाल पूरी तरह नकेल कस दी है। कई रसूखदारों को फायदा पहुंचाने वाला यह गोरखधंधा जनपद में लंबे समय चल रहा था, लेकिन प्रभावी तंत्र न होने से इस पर अंकुश नहीं लग पा रहा था।

दैनिक जागरण ने स्टोन क्रशर व अवैध खनन के इस गोरखधंधे को प्रमुखता से उजागर किया, तो जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए इस धंधे में लिप्त लोगों पर नकेल डालनी शुरू की। जिला प्रशासन ने बाकायदा देहरादून से खनन अधिकारी व संबंधित क्षेत्रों के एसडीएम व राजस्व कर्मियों को बुलाकर इसकी जांच कराई। जिन्होंने बड़कोट, चिन्यालीसौड़ व डुण्डा ब्लाक में चल रहे सभी स्टोन क्रेशरों को मौके पर जाकर सीज किया।

साथ ही, उनके दस्तावेज भी तलब किए। अवैध खनन वाले क्षेत्रों का भी दौरा कर जिलाधिकारी को रिपोर्ट सौंपी। नतीजा यह कि इन दिनों सभी तहसीलों में पटवारी से लेकर तहसीलदार तक अवैध खनन के मामलों की जांच में जुटे हैं। सूचना मिलने पर खुद मौका मुआयना भी किया जा रहा है।

 रात में खासतौर पर संदिग्ध जगहों पर नजर रखी जा रही है। जिसके चलते स्टोन क्रशर व अवैध खनन वाले स्थानों पर सन्नाटा पसरा हुआ है। जिलाधिकारी अक्षत गुप्ता ने बताया कि स्टोन क्रेशर व अवैध खनन को लेकर सभी उपजिलाधिकारियों को कड़े निर्देश दिए गए हैं।


http://in.jagran.yahoo.com/news/local/uttranchal/4_5_8431302.html

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उत्तराखंड के स्वास्थ्य विभाग का चोर रंगे हाथों पकड़ा गया

करीब 50 हजार की पगार पाने वाला ड्रग कंट्रोलर पिछले दिनों रिश्वत लेते हुए पकड़ा गया. जब और जांच आगे बढ़ी तो सामने आया 2 करोड़ का खजाना. देहरादून में ड्रग कंट्रोलर के लॉकर में मिले 2 करोड़ रुपये नकद, विजिलेंस टीम को पैसे गिनने में लग ढाई घंटे

http://s998.photobucket.com/albums/af103/merapahad_2010/Uttarakhandi%20videos/?action=view&current=AAJTAKIndia.mp4

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चढ़ावा देकर मिली थी कुर्सी
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पचास हजार की रिश्वत लेते गिरफ्तार धर्म सिंह ने ड्रग कंट्रोलर की 'कुर्सी' हथियाने के लिए बडे़-बड़े 'पापड़' बेले। विजिलेंस सूत्रों ने बताया कि आरोपी ने कुछ उच्चाधिकारियों को करोड़ों रुपये का 'चढ़ावा' चढ़ाया था। खुद धर्म सिंह ने इसका खुलासा विजिलेंस के सामने किया। उसने कुछ अधिकारियों के नाम भी बताए हैं। ये नाम इतने बड़े हैं कि विजिलेंस हाथ डालना तो दूर, पूछताछ तक की हिम्मत नहीं जुटा पा रही। सूत्रों ने बताया कि आरोपी ने विजिलेंस से कहा है कि यदि विजिलेंस ने उसके बयानों पर गौर नहीं किया तो वह अदालत में बयान देगा। ऐसे में विजिलेंस दुविधा में फंसी नजर आ रही है। अफसरो से राय-मशविरा किया जा रहा है।

दवा कंपनी को लाइसेंस जारी करने की एवज में बीती दो नवंबर को पचास हजार रुपये घूस लेते स्टेट ड्रग कंट्रोलर धर्म सिंह को विजिलेंस ने रंगेहाथ दबोच लिया था। घर से बरामद सामान और लॉकर से मिले कैश के बाद उनकी प्रारंभिक संपत्ति साढ़े चार करोड़ के आसपास पाई गई। आरोपी के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम व आय से अधिक संपत्ति के अलग-अलग मामले विजिलेंस में दर्ज हैं। आरोपी द्वारा रियल स्टेट सेक्टर में भी करोड़ों के निवेश की बात सामने आ रही है। एमडीडीए के दो अफसरों से इस संबंध में विजिलेंस ने बुधवार को पूछताछ की थी।

http://in.jagran.yahoo.com/news/local/uttranchal/4_5_8506043.html

 

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