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New Uttarakhand Superhit Songs - उत्तराखंडी संगीत के नये प्रसिद्ध गाने

Started by एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720, November 28, 2007, 01:50:34 PM

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720


एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

प्रहलाद सिह मेहरा का यह नया superhit गाना.

चन्दी बटना दाजू
कुर्ती कॉलर मे
मेरी मधुली जा रे ब्यूटी पार्लर मे

इसी गाने को रोहित चौहान ने जो की एक बाल कलाकार है जरा दूसरे अंदाज़ मे गया है

चन्दी बटना भैजी
कुर्ती कॉलर मे
मेरी भानुली  जा रे ब्यूटी पार्लर मे

शब्दों का थोड़ा सा हेरा फेरी लेकिन गाना एक दम मसालेदार है और लोग इस गाने मे झूमते है

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720


नेगी जी का यह गाना एल्बम नौचामी नारायणा ..

भल लागुन्द भानुली तेरो माठु -२ हितनो रे
भल लागुन्द  - २-

भल लागुन्द मोहना
तेरो मुल - २ हसन रे भल लागुन्द

खाई नारंगी नारंगी की दानी
खाई नारंगी नारंगी की दानी
भानुली तेरो हिया मे को जनि
भानुली मेरो हिया मे को होली


http://www.youtube.com/watch?v=sDbCjv_y4ok

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720


गजेन्द्र राणा का यह गाना आजकल भी शादिओं मे काफ़ी बजता है और लोग इस गाने पर थिरकते है .

तिले धारू बोला
हे लीला घसयारी

http://www.youtube.com/watch?v=5pL1V9PvP88

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

ललित मोहन जोशी का यह ताज़ा गाना - एल्बम घुमी आली पहाडा

माया लागी रे रुमाला मा
बसी गेछे माया का जाल मा
ओह हो माया लागी रे रुमाला मा .....



हेम पन्त

एक जीवंत शहर मनुष्य की बढती जरूरतों की भेंट चढ गया. यह टिहरी का त्याग ही तो है.... लोगों के घर को रोशन करने के लिए बिजली बननी थी... उसके लिए टिहरी शहर और कई गांवों में रहने वाले हजारों परिवार को विस्थापन की मार झेलनी पडी.

हज्ञारों-लाखों लोगों का दर्द क्या आसानी से व्यक्त किया जा सकता है? इस विषय पर कई लेख, कविताएं और गाने बने.... नेगी जी का "अबरि दा तु लम्बी छुट्टी ले के एई" तो इतिहास में दर्ज हो गया. रोहित चौहान का गाया हुआ यह गाना भी उसी पीडा को व्यक्त करता है.... और इतिहास में इसे जगह दिलायी है वसुन्धरा रतूडी ने.... वसु ने "जी.टी.वी. के सा रे गा मा" में गाकर इसको किसी टी.वी. टैलेन्ट हंट के मंच पर गाया जाने वाला पहला उत्तराखण्डी गाना बना दिया....


आख्यूं में रिटणि, पानी में रिंगणि-2

हे विधाता- हे विधाता हमुल तेरो क्या जै क्वे,
मेरि पितरो की बसायी टिहरी पाणि डुबता ह्वै,
कैकि लागी ह्वली नजर मेरि प्यारि टिहरी त्वै

राजा कू रज्वार डूबि, रानि कू रोतैलू मैल,
कन भलो बजार डूबि टिहरी की व चैल-पैल-2
हे विधाता- हे विधाता हमुन तेरो क्या जै क्वे,
मेरि पितरो की बसायी टिहरी पाणि डुबता ह्वै,
कैकि लागी ह्वली नजर मेरि प्यारि टिहरी त्वै

जौ बाटो बौया लगैन, सी बि अब पाणि मैं गैनि,
गौ घर झजाट बरि, अब त समलौंडा ह्वेनि-2
हे विधाता- हे विधाता हमुन तेरो क्या जै क्वे,
मेरि पितरो की बसायी टिहरी पाणि डुबता ह्वै,
कैकि लागी ह्वली नजर मेरि प्यारि टिहरी त्वै

भै-भयू से गेनि दूर स्वीणा ह्वेनि चूर-चूर.
हे बैरी विधाता बोल हमरू क्या रईं कसूर-2
हे विधाता- हे विधाता हमुन तेरो क्या जै क्वे,
मेरि पितरो की बसायी टिहरी पाणि डुबता ह्वै,
कैकि लागी ह्वली नजर मेरि प्यारि टिहरी त्वै

श्रीदेव सुमन की टिहरी, गंगा भागिरथी कु मैत,
कन बनि डाम कि जेल, द्वि बेनि ह्वे गेनि कैद-2
हे विधाता- हे विधाता हमुन तेरो क्या जै क्वे,
मेरि पितरो की बसायी टिहरी पाणि डूबता ह्वै,,
कैकि लागी ह्वली नजर मेरि प्यारि टिहरी त्वै
मेरि पितरो की बसायी टिहरी...............


एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720


bahut hi achha gana hai..ye..

Quote from: Hem Pant on January 31, 2008, 01:29:53 PM
एक जीवंत शहर मनुष्य की बढती जरूरतों की भेंट चढ गया. यह टिहरी का त्याग ही तो है.... लोगों के घर को रोशन करने के लिए बिजली बननी थी... उसके लिए टिहरी शहर और कई गांवों में रहने वाले हजारों परिवार को विस्थापन की मार झेलनी पडी.

हज्ञारों-लाखों लोगों का दर्द क्या आसानी से व्यक्त किया जा सकता है? इस विषय पर कई लेख, कविताएं और गाने बने.... नेगी जी का "अबरि दा तु लम्बी छुट्टी ले के एई" तो इतिहास में दर्ज हो गया. रोहित चौहान का गाया हुआ यह गाना भी उसी पीडा को व्यक्त करता है.... और इतिहास में इसे जगह दिलायी है वसुन्धरा रतूडी ने.... वसु ने "जी.टी.वी. के सा रे गा मा" में गाकर इसको किसी टी.वी. टैलेन्ट हंट के मंच पर गाया जाने वाला पहला उत्तराखण्डी गाना बना दिया....


आख्यूं में रिटणि, पानी में रिंगणि-2

हे विधाता- हे विधाता हमुल तेरो क्या जै क्वे,
मेरि पितरो की बसायी टिहरी पाणि डुबता ह्वै,
कैकि लागी ह्वली नजर मेरि प्यारि टिहरी त्वै

राजा कू रज्वार डूबि, रानि कू रोतैलू मैल,
कन भलो बजार डूबि टिहरी की व चैल-पैल-2
हे विधाता- हे विधाता हमुन तेरो क्या जै क्वे,
मेरि पितरो की बसायी टिहरी पाणि डुबता ह्वै,
कैकि लागी ह्वली नजर मेरि प्यारि टिहरी त्वै

जौ बाटो बौया लगैन, सी बि अब पाणि मैं गैनि,
गौ घर झजाट बरि, अब त समलौंडा ह्वेनि-2
हे विधाता- हे विधाता हमुन तेरो क्या जै क्वे,
मेरि पितरो की बसायी टिहरी पाणि डुबता ह्वै,
कैकि लागी ह्वली नजर मेरि प्यारि टिहरी त्वै

भै-भयू से गेनि दूर स्वीणा ह्वेनि चूर-चूर.
हे बैरी विधाता बोल हमरू क्या रईं कसूर-2
हे विधाता- हे विधाता हमुन तेरो क्या जै क्वे,
मेरि पितरो की बसायी टिहरी पाणि डुबता ह्वै,
कैकि लागी ह्वली नजर मेरि प्यारि टिहरी त्वै

श्रीदेव सुमन की टिहरी, गंगा भागिरथी कु मैत,
कन बनि डाम कि जेल, द्वि बेनि ह्वे गेनि कैद-2
हे विधाता- हे विधाता हमुन तेरो क्या जै क्वे,
मेरि पितरो की बसायी टिहरी पाणि डूबता ह्वै,,
कैकि लागी ह्वली नजर मेरि प्यारि टिहरी त्वै
मेरि पितरो की बसायी टिहरी...............



एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720



CHANDI BATANA DAJU,KURTI COLOR MA.. WHAT A ROCK SONG..

BY PRAHLAD SINGH MERHA. ENJOY


http://www.youtube.com/watch?v=n_G_3Bz89ik