• Welcome to MeraPahad Community Of Uttarakhand Lovers.
 

Dhad Orgnization Uttarakhand-धाद संस्था उत्तराखण्ड

Started by पंकज सिंह महर, August 11, 2010, 11:25:34 AM

पंकज सिंह महर



उतराखंड और हिमालय के सबसे बड़े सामाजिक और राजनितिक प्रशन यानि पहाड़ के गाँव के पलायन और उत्तरजीविता पर एक बड़ी सामाजिक बहस छेड़ने के उद्देश्य से धाद ने आज गाँधी पार्क मै एक पोस्टर का लोकार्पण किया.केंद्र ने क्या हमे दिया सारा हिमालय खाली किया दरअसल ये पोस्टर आज से १६ वर्ष पूर्व २ ओक्ट १९९४ को मुजफ्फरनगर कांड के दिवस पर जारी हुआ था और तब का सबसे बड़ा सवाल और सामाजिक चिंता यानि हमारे गाँव का विस्थापन था .दुर्भाग्य से तब से आज तक जब की राज्य बने हुए भी १० वर्ष हो चुके हैं यह प्रश्न अनुतरित है और अगर ढंग से देखे तो ये समस्या विकराल होती गयी है सोलह साल पहले का सवालजिस पर उत्तराखंड के नौजवान शहीद हुए थे आज और अधिक मौजू हो गया है.पहले केंद्र से शिकायत थी अब किस से कहें .हमारे दस साल पुराने राज्य आज भी गाँव को सशक्त बनाने में नाकाम रहा है जिसकी उपेक्षा ने राज्य आन्दोलन की नीव राखी थीऔर आज भी हम एक ऐसी ग्राम नीति की बात जोह रहे हैं जो पहाड़ के गाँव को नई दिशा दे सके गाँधी हमारे देश में मजबूत गाँव के सबसे बड़े पैरोकार रहे हैं इसलिए उनकी जयंती पर देश के तमाम गाँव की पक्षधरता में और उत्तराखंड के उजड़ते हुए गाँव के सवाल पर हम यह पोस्टर जारी कर रहे हैं .तथा इस मुद्दे पर एक बड़ी बहस की शुरुवात कर रहे हैंजिसके तहत आने वाले समय में गाँव के पक्ष में कार्यक्रम किये जायेंगे जोह रहे हैं जो पहाड़ के गाँव को नई दिशा दे सके .इस अवसर परलोकेश नवानी,तन्मय ममगाईं,डी.सी . नौटियाल,शांति, श्रीश डोभाल. राजेंद्र कोटनाला तोताराम ढौंडियाल,सोम दत्त बलोदी, हर्ष पर्वतीय, हरी पुरोहित,हरीश भट्ट,सचिदानंद मैंदोला,विजय मधुर,बीना बेंजवाल,दिनेश उनियाल,डॉ आशा रावत,रमाकांत बेंजवाल, सीधी लाल,डॉ लक्ष्मी भट्ट, अम्बुज शर्मा, अदि मोजूद थे.

पंकज सिंह महर

पोस्टर जारी करते धाद के कार्यकर्ता


हेम पन्त

पहाड़ की चिन्ताओं पर एक सार्थक बहस शुरु करने के उद्देश्य से "धाद" ने वर्ष 2011 का एक बेहतरीन कलैण्डर जारी किया है..


हेम पन्त


हेम पन्त

वर्ष 2011 का यह कलैण्डर प्राप्त करने के लिये 09219510932 /09412050315 पर सम्पर्क करें... सहयोग राशि रु.20 रखी गई है...

Quote from: हेम पन्त on January 02, 2011, 12:47:42 AM
पहाड़ की चिन्ताओं पर एक सार्थक बहस शुरु करने के उद्देश्य से "धाद" ने वर्ष 2011 का एक बेहतरीन कलैण्डर जारी किया है..