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Aipan: Uttarakhand Art - ऐपण

Started by suchira, November 30, 2007, 12:28:46 PM

हेम पन्त


पंकज सिंह महर


पंकज सिंह महर


हेम पन्त

शुभ कार्यों पर महिलाओं द्वारा पहने जाने वाले "रंग्वालि पिछौड़े" पर भी "ऐंपण" की तरह ही डिजायन बनाये जाते हैं.


Devbhoomi,Uttarakhand

उत्तराखंड कला और संसकिरती का ऐसे ही प्रचार करते रहो सर,

Devbhoomi,Uttarakhand

ऐपण शब्द का हिंदी में क्या अर्थ होता है ?

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

ऐंपण कला का अस्तित्व अब भी बरकरार

पिथौरागढ़।   बाजार में आर्टिफिशियल ऐंपण आने के बावजूद यहां पर लोग हाथ से ऐंपण बनाने   के काम में अपना हुनर आज भी दिखा रहे हैं। कुछ स्वयंसेवी संस्थाओं ने इस   कला को जीवित रखने का प्रयास किया है। दिवाली पर नगर में करीब 50 प्रतिशत   घरों में आज भी हाथ से ऐंपण तैयार किए गए हैं। ग्रामीण अंचलों में यह   परंपरा काफी समृद्ध है।निधि संस्था के   अध्यक्ष डा. सुनील पांडे ने बताया कि उनकी संस्था ऐंपण कला सिखाने के लिए   समय-समय पर प्रशिक्षण शिविर लगाती है। इसमें महिलाओं को लक्ष्मी चौकी,   विवाह चौकी, दिवाली की चौकी तैयार करने के तरीके सिखाए जाते हैं। इस कला   में दक्ष ज्योति भट्ट ने बताया कि हाथ से तैयार ऐंपण में ज्यादा निखार आता   है। इनको पूजा स्थल की जरूरत के हिसाब से बनाया जाता है।  बाजार   में मिलने वाले आर्टिफिशियल ऐंपण में इस तरह की बारीकी नहीं मिलती।   डीडीहाट में भी महिलाओं ने दिवाली के लिए घरों में हाथ से ही ऐंपण तैयार   किए। दीपावली के लिए ऐंपण डालती एक महिला। 

Source : Amar Uajala
   

हेम पन्त

ऐंपण शब्द "अल्पना" से सम्बन्धित लगता है..

Quote from: Devbhoomi,Uttarakhand on October 07, 2010, 03:28:59 PM
ऐपण शब्द का हिंदी में क्या अर्थ होता है ?

हेम पन्त

पिछले दिनों नैनीताल के वृन्दावन पब्लिक स्कूल में आयोजित की गई अन्तर्विद्यालयीय "ऐंपण प्रतोयोगिता" में प्रतिभागियों द्वारा बनाये गये कुछ ऐंपण..

साभार - नवीन जोशी जी




हेम पन्त

कुछ और सुन्दर ऐंपण..