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Garhwali Poem by Sudesh Bhatt- फौजी सुदेश भट्ट की गढ़वाली कवितायें

Started by एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720, August 02, 2015, 11:53:06 AM

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

रावण तु आज बल
जग जगा फूंक्यांणा होली
परबात फिर कखी न कखी
टुपली पैरीक पैदा ह्वे जैली
कु मारी सकदु दीदा त्वै
बाहुबली मनखी तै
परबात भ्रष्टाचार बणी की
तु फिर पैदा ह्वै जैली
पैली त्यार खुंटा पन रैन
चांद सुरज अर काल
आज भ्रष्टाचारयुं की कुटुमदारी
तीन तंदयल पर सी बांधी याल
तीन त लंका ही बणै सुन की
यख त स्वीस बैंक भरै गेन
तेरी जन दस दस लंका
भग्यानु जगजगा बणै देन
शरेल ही मरी त्यारु हे रावण
आत्मा त भटकणा ही च
महंगाई अर भ्रष्टाचार बणीक
मार मार कैकी द्वास लगीं च
कलयुग मा तु हे दशानन
एक ही मुंड लेकी यैयी
कखी मंहगाई भ्रष्टाचारी
कखी घोटाला कैरी ग्यैयी
हाहाहाहा कैकी दादा
तु आज खुब हैंसणा होली
नयी नयी घोटालों की
भीतरी भीतर प्लान बणांणा होली
अरे कु मारी सकदु त्वै
अजर अमर अभिमानी तै
गबन घोटालों की फाईलों मा
जगजगा समयुं छै
अरे झुगली टुपली जाली तेरी
हपार कांड की डाल्यूं मा
कैन ब्वाल तु मरी गे
परगट हुयुं छै भ्रष्टाचार्युं मा
त्वै भ्रष्टाचारी तै मरन कुन
यख कती राम पैदा ह्वैन
जौंन हम मनख्यूं तै ठगे की
अपण निजि स्वार्थ सधेन
तु त जब तक ज्युंदी रै
रावण ही बणी क रैयी
हमर छंटयां राम भी तीन
रावण बणै देन
त्वै तै चिंता छै फिकर छै
अपणी पुरी लंका की
यख त भ्रष्टाचार्युं न देश कु
जमा लुट्या डुबई याली
त्वै कुन हाथ जोडी
बिनती करदु
दीवु धुपंण अर
उठंण गडदु
बोल क्या चयांणा त्वैतै
मी बीजा त्यार बणवे द्यांदु
जर्मन जपान चीन फ्रांस क त्वैै
पैकेज दिलै द्यांदु
त्यार जांण से देश फिर
सुन की चकुली बणी जाली
रोट भेंट की पुजा त्वै
बराबर दियांणा राली
रावण तु आज बल
जग जगा फुक्यांणा...
सर्वाधिकार सुरक्षित @लेखक सुदेश भटट(दगडया)

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

दशहरा रावण वध*
रावण तु आज बल
जग जगा फूंक्यांणा होली
परबात फिर कखी न कखी
टुपली पैरीक पैदा ह्वे जैली
कु मारी सकदु दीदा त्वै
बाहुबली मनखी तै
परबात भ्रष्टाचार बणी की
तु फिर पैदा ह्वै जैली
पैली त्यार खुंटा पन रैन
चांद सुरज अर काल
http://www.khudeddandikanthi.in/2016/10/blog-post_10.html...

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

कुडी क यैथर पैथर
डाल जम्यां छन पाड मा
तालों पर भी फांक फूट्यां छन
चाबी धरीं च बंबै मा
बचपन भीतर ग्वाडी गुडी की
तालु लगै की चली गेनी
गोर कसयुं जोग कैकी जु
भांड ठंटर्यों तै दे गेनी
बुबा ददों की समलौंण यख
आज दिखेंणी जरा जरा
यनी डाल जामल भीतर्युं पर
वा भी दबे जाली कैदिन सरा
कुडी क दार पटल टुटगेन
गैंणा गिंण्यांणा भीतर बीटी
यीं कुडी क मौ भग्यानी
बंबै दिल्ली गेन जब बिटी
बौडी की यैजा दगड्यों म्यार
बचपन अपणु टीपी जा
बुबा ददों की यीं समलौंण तै
द्वी हथ्युं न उकरी जा
कुडी क यैथर पैथर
डाल जम्यां छन पाड मा
तालों पर भी डाल जम्यां छन
चाबी धरीं च बंबै.....
सर्वाधिकार सुरक्षित लेख@सुदेश भट्ट "दगडया"फोटो साभार रायल्स आफ मागथा से अलकेश कुकरेती व के.बी.एम से राकेश कुकरेती जी

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

हैंसदी रै ख्यल्दी रै,
टिकुली बिंदुली चमकदी रै,
मुंड मा सिंदूर तेरो,
फूलु सी डाली हैंसदी रै।
द्वी हथी चुडयुं न भरै,
हतेली मा मेहंदी रचदी रैन,
नाक मा फुल की चमक,
खुट्य माुं पैजीब बजदी रैन।
हैंसदी रै ख्यल्दी रै,
टिकुली बिंदुली चमकदी रै,
देवी दयबतों की दीदी भुली
आशीर्वाद तुमतै मिलणा रैन।
घर ह्वा या परदेश स्वामी,
सुखी श्यांदी रखणा रैन,
तेरी दुनिया की डाली मा दीदी,
खुशियों क फूल लगदी रैन।
तेरी जुनी सी ऊज्याली मुखडी,
मुल मुल हैंसदी रैन,
हैंसदी रै ख्यल्दी रै,
तेरी टिकुली बिंदुली....
सर्वाधिकार सुरक्षित@सुदेश भटट(दगडया) व खुदेड़ डाँडी काँठी की करवाचौथ पर दीदी भूल्युं कुन सादर सप्रेम भेंट।

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

काश मी बी जण्दु
द्वी आखर अंग्रेजी मा
कज्यंणी कुन वाईफ लाईफ
कनी बुल्द अंग्रेजी मा
काश मी बी जण्दु
द्वी आखर अंग्रेजी मा
ईना सुंणा रै नरबैग्युं
हैलो कम बुल्द अंग्रेजी मा
फांग्यु कुन भी प्लाट मी
कनी बुल्द अंग्रेजी मा
काश मी बी जंण्दु
द्वी आखर अंग्रेजी मा
ब्यो बराती मा जांदु मी
दबे जांदु अंग्रेजी मा
दगड्यों की अंग्रेजी दीदों
बंणै नी सकुद गडवली मा
काश मी बी जंण्दु
द्वी आखर अंग्रेजी मा
जंग्या तै बी गैल्यों न
कैपरी बंणै द्या अंग्रेजी मा
बुये ज्यूंदी ममी बणयीं
बुबा डैड हुयां छन अंग्रेजी मा
काश मी बी जण्दु
द्वी आखर अंग्रेजी मा
कच्ची एक पक्की एक
एल.के.जी युकेजी हुयां छन
अंग्रेजी क जमन मा गुरजी
मोबैल्युं मा सवाल कना छन
काश मी बी जंण्दु
द्वी आखर अंग्रेजी मा
दगड्या भग्यान म्यार
पौंछी गेन जुनी फर
मी जखै की तखी रैग्यों
मार खै ग्यों अंग्रेजी मा
काश मी बी जंण्दु
द्वी आखर अंग्रेजी ...
सर्वाधिकार @लेख सुदेश भट्ट "दगड्या"

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

नोटों की बल आयी है बरात
बैंकों के आंगन मे
थोला ले लेकी मच्युं है कुरच्याट
बैंको के आंगन में
लग गयी लंबी लंगार
रीसकेष के बैंकों मे
लेके नोटों की आयी है बरात
बैंको के आंगन मे
हरच्यां कर्जदार भी मिले
जो लगे थे लेनों मे
सेठ सौकार आज हैं बैठे
बैंकों के आंगन मे
नोटों की बल आयी है बरात
बैंकों के आंगन...

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

मुंबई दिल्ली महानगरों मा
कन रस्यांण अयीं च
ब्यो बराती मा दीदी भूल्युं की
कन घिमसांण मचयीं च
हेमा मालीन अर श्री देवी कु
कैरीयर कर्युं तमाम च
ब्यो बराती मा दीदी भूल्युं की
नचंण की रस्यांण च
हंत्या घड्यलु मा नचंण भूली गेन
हपार मिस्यां छन डीजे मा
पाड भूली गेन दीदी भूली मेरी
जब बिटी बसी गेन बंबई दिल्ली मा
गडवली बुन बच्यांण भूली गेन
डांस कना छन गडवली गांणो मा
कोदु झंगोरा पकै नी सक्दन
पर मंगांणा छन आन लैनों मा
मुंबई दिल्ली महानगरों मा
कन रस्यांण.......
सर्वाधिकार लेख@सुदेश भट्ट"दगड्या"

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

दिल्ली बंबई मा खुब मिस्यां छन
अपंण पाड बचांण मा
गौं अयां अफु सालों ह्वैगेन
अर भुना छन चलो पाड मा
अफु छन अपण्यांणा अंग्रेजी
बैराखडी पढांणा छन हमतै ऊ
कमेंट मा छन दुख पाड क जतांणा
अर लमतंण हुयां छन फ्लैटु मा
अपड ईष्ट सी भीतर ग्वड्यां छन
अर पंडो नचांणा छन बंबई मा
गौं क ख्याल म्याल बांज पोड्यां छन
अर कोथिग उर्यांणा छन बंबई दिल्ली मा
सालों साल बिटी जौंन गौं नी द्याखी
वी राजधानी कुन ममलांणा छन
कभी राजधानी ड्यारदूंण मा
कबी गैरसैंण बंणाणा छन
जु प्रधनु क चुनौ मा गौं नी यैन
आज वी सरकार बंणाणा छन
जौंकु भाग द्वी मा भी नाम नी कखी
वी प्रत्यास्युं तै डरांणा छन
खैरी पीडा सरा फेस बुक मा
गुगल मा गांव अपण खुज्यांणा छन
मोबेल मा देखी पाड अपुंण
अर बियंयी गौडी सी हुंगरांणा छन
दिल्ली बंबई मा खुब मिस्यां छन
अपण पाड बचांण....
मेरी खैरी पाड की @लेख सुदेश भट्ट"दगड्या"

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

आज फिर से अपणी वा ताल बजै दे भैजी
देवी क धुंयाल आज खुब बजै दे भैजी
उकाली ऊंदारी कु बाज बजै दे भैजी
पंचनाम द्यवतों की ताल लगै दे भैजी
ताल ही ताल मा आज छुंई लगै दे भैजी
पोखरखाल स्कूल मा आज पंडो नचै दे भैजी
हरचदी लमडदी हमरी संस्कृति बचै दे भैजी
ढोल दमौ आज अपणी खुब घमकै दे भैजी
मंगल ताल आज जमकै की बजै दे भैजी
घुंड्या रांसु लगै आज सब्युं तै नचै दे भैजी
कुल क ईष्ट देवी द्यवता सब्युं क सुमिरण करै दे भैजी
नागरजा नरसिंग आज यखी नचै दे भैजी
ढौल दमौ की ताल आज खुब गजै दे भैजी
देवी क धुयांल आज खुब बजै दे......
दगड्या द्वारा आयोजित ढोल दमाऊ प्रतियोगिता को समर्पित@लेख..सुदेश भट्ट "दगड्या"ब्हाटसप 8576931840

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

दिल्ली बंबई मा खुब मिस्यां छन
अपंण पाड बचांण मा
गौं अयां अफु सालों ह्वैगेन
अर भुना छन चलो पाड मा
अफु छन अपण्यांणा अंग्रेजी
बैराखडी पढांणा छन हमतै ऊ
कमेंट मा छन दुख पाड क जतांणा
अर लमतंण हुयां छन फ्लैटु मा
अपड ईष्ट सी भीतर ग्वड्यां छन
अर पंडो नचांणा छन बंबई मा
गौं क ख्याल म्याल बांज पोड्यां छन
अर कोथिग उर्यांणा छन बंबई दिल्ली मा
सालों साल बिटी जौंन गौं नी द्याखी
वी राजधानी कुन ममलांणा छन
कभी राजधानी ड्यारदूंण मा
कबी गैरसैंण बंणाणा छन
जु प्रधनु क चुनौ मा गौं नी यैन
आज वी सरकार बंणाणा छन
जौंकु भाग द्वी मा भी नाम नी कखी
वी प्रत्यास्युं तै डरांणा छन
खैरी पीडा सरा फेस बुक मा
गुगल मा गांव अपण खुज्यांणा छन
मोबेल मा देखी पाड अपुंण
अर बियंयी गौडी सी हुंगरांणा छन
दिल्ली बंबई मा खुब मिस्यां छन
अपण पाड बचांण....
मेरी खैरी पाड की @लेख सुदेश भट्ट"दगड्या"