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Upcoming Festivals - आने वाले स्थानीय त्यौहार

Started by पंकज सिंह महर, August 05, 2008, 11:34:17 AM

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720


This is indeed a good topic by Mahar Ji. Actually, in metro cities, we do not know as to when which festivel is coming.

It is would much better if we can make a calender for whole the year of UK's festivels.

Risky Pathak

Advance Hahahaa. ;D ;D


Pankaj Ja Sahi Keh Rhe Hai. Phle Mujhe Ghugutia Bhi Lagta Tha Ki Sabhi Jagah Makar Sankranti Se 1 Din Phle Bante The, Par Aw Pta Chala Ye Sirf GangPar Wale Log Karte Hai. ;D

Quote from: Pankaj/पंकज सिंह महर on August 06, 2008, 03:04:05 PM
Quote from: khimsrawat on August 06, 2008, 02:48:11 PM
ghi sankranti to shayad bhado ke pahale din manate hai/

Quote from: Himanshu Pathak on August 06, 2008, 01:35:21 PM
घ्यू त्यार- ३२ गते श्रावण(मसंती)- १६ अगस्त २००८

ze=11pt]घ्यू त्यार का त्यौहार श्रावण(सौरमान ) माह की अन्तिम तिथि को मनाया जाता है| संक्रांति से १ दिन पहले को मसंती कहते है और इसी दिन ही ये पर्व मनाया जाता है|

खीम दा,
    आप सही कह रहे हो, अल्मोड़ा और नैनीताल, चम्पावत आदि में यह त्यौहार संक्रान्ति को मनाया जाता है। लेकिन पिथौरागढ़ और बागेश्वर का रामगंगा पार वाले क्षेत्र में यह त्यौहार संकरात की पूर्व संध्या, अर्थात मसान्ति के दिन मनाया जाता है। आपके यहां यह त्यौहार संक्रान्ति १७ अगस्त को मनाया जायेगा।

इसके अलावा इन इलाकों में घुघुतिया त्यार भी मसान्ति के दिन ही बनाया जाता है और संकरात को घुघुत कौव्वे को दिये जाते हैं, जब कि अन्य भागों में संकरात को घुघुत बनते हैं और २ पेठ को कौव्वे को दिये जाते हैं।

       इसका कारण तो मुझे नहीं पता लेकिन इतना कह सकता हूं कि हम गंगपारी लोग एडवांस ठैरे
;D ;D ;D

Risky Pathak

श्रावणी पौर्णमासी : १६ अगस्त, २००८ 

कृष्ण जन्माष्टमी: २३ अगस्त, २००८   

दुर्वाष्टमी: २३ अगस्त, २००८ 

हर तालिका व्रत: २ सितंबर, २००८ 

नंदाष्टमी/ राधाष्टमी: ७ सितंबर, २००८ 

अनंत चतुर्दशी: १४ सितंबर, २००८ 

अष्टका: २२ सितंबर, २००८ 

अन्वष्टका: २३ सितंबर, २००८ 

विजय दशमी: ९ अक्टूबर, २००८ 

कोजागरी पौर्णमासी: १४ अक्टूबर, २००८ 

दीपावली: २८ अक्टूबर, २००८ 

गोवर्धन: २९ अक्टूबर, २००८ 

यम् द्वितीया (बग्वाली): ३० अक्टूबर, २००८ 

हरि बोधिनी एकादशी: ९ नवम्बर, २००८ 

कार्तिक पौर्णमासी: १३ नवम्बर, २००८ 

श्री गीता जयंती: ९ दिसम्बर, २००८ 

मकर संक्रांति(उत्तरायनी): १४ जनवरी, २००९   

मौनी अमावस्या: २६ जनवरी, २००९

बसंत पंचमी: ३१ जनवरी, २००९

माघी पौर्णमासी: ९ फरवरी, २००९

शिव रात्रि: २३ फरवरी, २००९

होलिका दहन पौर्णमासी: १० मार्च, २००९

होलिका प्रतिपदा(छरड़ी): १२ मार्च, २००९

पूर्णवत्सरी अमावस्या: २६ मार्च, २००९


साभार: वर्ष २००८-२००९, रामदत्त पंचांग, नैनीताल


एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720


Thanx Himansu Bhai... Now in pradesh, we will come to know which tyohar is coming when.

thanx a ton.

Quote from: Himanshu Pathak on August 06, 2008, 06:11:40 PM
श्रावणी पौर्णमासी : १६ अगस्त, २००८ 

कृष्ण जन्माष्टमी: २३ अगस्त, २००८  

दुर्वाष्टमी: २३ अगस्त, २००८ 

हर तालिका व्रत: २ सितंबर, २००८ 

नंदाष्टमी/ राधाष्टमी: ७ सितंबर, २००८ 

अनंत चतुर्दशी: १४ सितंबर, २००८ 

अष्टका: २२ सितंबर, २००८ 

अन्वष्टका: २३ सितंबर, २००८ 

विजय दशमी: ९ अक्टूबर, २००८ 

कोजागरी पौर्णमासी: १४ अक्टूबर, २००८ 

दीपावली: २८ अक्टूबर, २००८ 

गोवर्धन: २९ अक्टूबर, २००८ 

यम् द्वितीया (बग्वाली): ३० अक्टूबर, २००८ 

हरि बोधिनी एकादशी: ९ नवम्बर, २००८ 

कार्तिक पौर्णमासी: १३ नवम्बर, २००८ 

श्री गीता जयंती: ९ दिसम्बर, २००८ 

मकर संक्रांति(उत्तरायनी): १४ जनवरी, २००९  

मौनी अमावस्या: २६ जनवरी, २००९

बसंत पंचमी: ३१ जनवरी, २००९

माघी पौर्णमासी: ९ फरवरी, २००९

शिव रात्रि: २३ फरवरी, २००९

होलिका दहन पौर्णमासी: १० मार्च, २००९

होलिका प्रतिपदा(छरड़ी): १२ मार्च, २००९

पूर्णवत्सरी अमावस्या: २६ मार्च, २००९


साभार: वर्ष २००८-२००९, रामदत्त पंचांग, नैनीताल

हलिया


जै हो महाराज आपकी.  ठीक कह रहे ठैरे. ;D ;D ;D
;D ;D ;D
Quote from: Pankaj/पंकज सिंह महर on August 06, 2008, 03:04:05 PM

      इसका कारण तो मुझे नहीं पता लेकिन इतना कह सकता हूं कि हम गंगपारी लोग एडवांस ठैरे[/b][/color] ;D ;D ;D

राजेश जोशी/rajesh.joshee

महर जी,
हमारे नैनीताल जनपद में घ्यो सन्क्रांत को ओईगिया या ऒल्गिया कहते हैं।

Anubhav / अनुभव उपाध्याय

Maharaj beech beech main darshan de diya karo pata hai aap bahut vyast hain ;D

Quote from: rajesh.joshee on August 07, 2008, 02:39:23 PM
महर जी,
हमारे नैनीताल जनपद में घ्यो सन्क्रांत को ओईगिया या ऒल्गिया कहते हैं।



Anubhav / अनुभव उपाध्याय

Thanks for the info Sir.

Quote from: highlander23235 on August 07, 2008, 07:42:39 PM

As a kid I still remember folks from my village and surrounding villages would bring ghee/doodh/Curd(yogurt) and stems of arbi(Pinaloo??) to our home .And my g'ma (aama) would give them some money/cloths etc.My g'pa (Bubu) was the Thokdaar of our patti and  my  (aama) would tell us by doing this people show their respect for our family. Now those days are over and we really don't expect anyone to show up, but back home my family tells me they still have some visitors to show their gratitude and respect.

p.s . I gotta double check if it was ghee-tyaar only .