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Started by Bhawani Aama, October 04, 2007, 03:44:25 PM

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720


Pankaj Da,

Alblaat bhi shabhad hai.. Jo jaldibaaji ke liye use hota hai.

पंकज सिंह महर

Quote from: एम.एस. मेहता /M S Mehta on September 08, 2009, 12:24:29 PM

Pankaj Da,

Alblaat bhi shabhad hai.. Jo jaldibaaji ke liye use hota hai.


"अलबलाट" शब्द का प्रयोग बाधा पड़ने पर किया जाता है। जैसे जल्दबाजी में कई काम साथ-साथ निबटाने होते हैं, तो उसके लिये इस शब्द का प्रयोग किया जाता है।

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720


झरफर  -

की है रेई झरफर (क्या नयी ताज़ी हो रही है)

दूसरे पर्याय में

झरफर - किसी शादी विहाह या शुभ काम काज के लिए भी किया जाता है !

पंकज सिंह महर

परेक - कील
निशास- उदास
बाटुली- हिचकी
उछ्याट- शैतानी
कुत्क्याली- गुदगुदी
अताश- जल्दबाजी

Devbhoomi,Uttarakhand

जल्दी बाजी का एक और सब्द है गढ़वाली मैं जदिबाजी ------------------फटाफट
झरबट

पंकज सिंह महर

झरपट्ट- जल्दी काम करने के लिये, यथा- झरपट्ट जा और साबुन ले बेर आ।
छरपट्ट- गाली-गलौज कर या वाक युद्ध से किसी को अपमानित कर देना।
यथा- आज त त्याड़ ज्यू ले जिबुवा की छरपट्ट कर दि हौ।

Devbhoomi,Uttarakhand

एक और सब्द है जिसका अर्थ कई आक्यों मैं किया जाता है

उटपटांग - इसका मतलब है ,एक एषा तथ्य किसको सुल्जाने के लिए बहुत सारे तरीके अपनाना,जो की कठिन नहीं है लेकिन बहु आसान भी नहीं हो उस के लिए इस सब्द का प्रयोग किया जाताहै

पंकज सिंह महर

सन्यूत- ताजा, खाने-पीने की चीजों के लिये प्रयुक्त होता है जैसे- दै खा जाओ, सन्यूत छु।

हेम पन्त

गाज्यो - सुखे पहाड़ों में उगने वाली घास जिसे मवेशियों को खिलाने के लिये काट कर एकत्रित किया जाता है.

मांगा / मांग - सूखे डांने जहाँ 'गाज्यो' पैदा होता है.

पराल - पुआल

पितोर - चीड़ (सल्ला) की नुकीली और सूखी पत्तियां. इनका प्रयोग गाय/भैंस के गोठ में बिछाने के लिये किया जाता है.

गोठ - गाय-भैंस को रखने का कमरा (सामान्यत: यह मकान का सबसे नीचे वाला कमरा होता है या फिर घर से कुछ ही दूरी पर बनाया जाता है). 

हेम पन्त

खर्क - जंगल के पास बना वैकल्पिक घर.

पुराने समय में पहाड़ के लोग गर्मियों में गांव से कुछ दूर ऊंचाई पर बने अपने 'खर्क' में रहने चले जाते थे. जिससे उनके मवेशियों के लिये चारा आदि मिलने में कम परेशानी होती थी.