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देवी-देवताओं की डोलियों की तस्वीरें,Photos Of Goddess stretchers in Uttarakhand

Started by Devbhoomi,Uttarakhand, July 04, 2012, 07:56:03 PM

Devbhoomi,Uttarakhand

रमणीक देवभूमि- देवभूमि उत्तराखंड में सुरम्य प्रकृति की छांव में सुंदर परंपराएं भी विकसित हुई हैं,  दोस्तों यहां पर हम उत्तराखंड क देवी-देवताओं की डोलियों की कुछ तस्वीरें पोस्ट करेंगें,उत्तराखंड में देवी-देवताओं की डोली का महत्व पुरखों के ज़माने से चला आ रहा है !

डोडीताल (उत्तरकाशी) में आयोजित पर्यटन महोत्सव में स्थानीय आस्था और विश्वास के प्रतीक देवी देवताओं की डोलियों को देखकर यह महसूस किया जा सकता है। यहां अपने आराध्यों की देवडोलियों के साथ बड़ी तादाद में ग्रामीण शिरकत कर रहे हैं।

ढोल-नगाड़ों के साथ सैकड़ों श्रद्धालुओं ने भद्राज देवता की डोली को प्रात: यमुना नदी व बद्रीगाड नदी के संगम तट पर स्नान कराया। डोली के साथ श्रद्धालुओं ने भी स्नान किया। उसके बाद समुद्र तल से लगभग 8000 हजार फीट की उंचाई पर स्थित त्याड़ मन्दिर में पूजा-अर्चना के साथ डोली की प्राण प्रतिष्ठा की गई।
    इस अवसर पर भद्राज मन्दिर मेला एंव ज्ञान यज्ञ समिति सिलवाड़ के सौजन्य से मन्दिर परिसर में सात दिवसीय श्रीमद् भागवत महापुर कथा का शुभारंभ भी किया गया। इससे पूर्व डोली नैनबाग होते हुए ग्राम जयद्वार से लगभग चार किमी पैदल त्याड़ा मन्दिर में पहुंचते दर्जनों देवता के पश्वा नाच पड़े।



M S JAKHGI


Mahendra Devta ki doli ,Nailchami,Ghansali Tehri Garhwal




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प्राकृतिक सौंदर्य से लबालब खरसाली गांव में हजारों की संख्या में स्थानीय लोगों व श्रद्घालुओं ने मां यमुना की भावभीनी विदाई की गवाही दी। भाई शनि देवता की डोली की अगुआई में विदा हुई यमुना से बिछड़ने पर ग्रामीण भावुक हो गए।

वहीं यमुना को उन के मूल स्थान तक पहुंचाने में भागीदारी निभाने का उत्साह भी उनमें भरपूर था।  तड़के सुबह से ही गांव के बजुर्ग व युवा महिला-पुरुष मां यमुना की विदाई की तैयारियों में जुट गए थे। कैलुका नामक स्थान से यमुना की जलधारा से शुद्घ जल लाकर यमुना और शनि देव की पूजा की गई।

ग्रामीणों द्वारा भेंट किए गए वस्त्रों को पहनाकर यमुना और शनि देवता की डोली को विशेषरूप से सजाया गया। तत्पश्चात शुरू हुआ वाद्य यंत्रों की थाप पर  शनि देवता की डोली का नृत्य। इस लोक नृत्य के दौरान क्षेत्र के लोग आनंदित हो गए। सुबह आठ बजकर 33 मिनट पर मां यमुना की विदाई की घड़ी के समय लोग भावुक हो गए।

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