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TRANSLATION OF KUMAONI-GARWALI LANGUAGE - कुमाऊंनी गढ़वाली भाषा का अनुवाद

Started by एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720, September 26, 2008, 01:30:31 PM

Devbhoomi,Uttarakhand

अनजान वर्तालाब -6
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हिन्दीं में - मेरा नाम दिनेश है, और में अहमदाबाद रहता हूँ और वहीं नौकरी करता हूं !


गढ़वाली में- मेरु नों दिनेश छ ,में अहमदाबाद रहन्दु छौं और वखी नौकरी भी करदू !


कुमाउनी में : म्यार नाम दिनेश छो, मी अहमदाबाद में रू और वै नौकरी करू !

हिन्दीं में -अच्छा रमेश भाई आप क्या छुट्टी जा रहे हो क्या ?

गढ़वाली में -अच्छा रमेश भेजी आप छुट्टी छन जाणा क्या ?


कुमाउनी में : अच्छा रमेश भाई तुमि छुट्टी जाण रछा क्या !


हिन्दीं में -हांजी,एक महीने की छुट्टी जा रहा हूँ ,घर मेरे बड़े भाई की शादी है इसलिए जा रहा हूँ !



गढ़वाली में -हांजी याक मैना की छुट्टी छौं जाणु,घौर म्यार बडा भेजी कु ब्यो छ,तबई छुट्टी चुन जाणु !


कुमाउनी में : कुमाउनी में : हां दाजू, एक महिना क छुट्टी जाण रैयो, घर में म्यार थुल भाई क बया छो एक लीजी जाण रैयो!

हिन्दीं में -दिनेश भाई आप भी छुट्टी जा रहे हो क्या,कितने दिनों की छुट्टी है आपकी ?

गढ़वाली में -दिनेश भेजी आप भी छुट्टी छन जाणा क्या,कती दीने की छुट्टी छन ?

कुमाउनी में : दिनेश दाजू, तुमि ले छुट्टी जाण रेछा की, कदी दिन का छुट्टी जाण रेछा!

हिन्दीं में - रमेश भाई छुट्टी तो तीन हप्ते की ही मिली है, आजकल गाँव में धान की फसल पकी हुई है तो में घर में थोडा मदद करने के लिए जा रहा हूँ घर में मांजी-पिताजी अकेले हैं इसलिए!

गढ़वाली में - रमेश भेजी छुट्टी त तीन हप्ते की मिलिन,अच्गालू गौं मा नाच की खेती च पकीं, त घर म थोडा मदद कौलू मांजी और बाबाजी अकेला छन तबई !

कुमाउनी में : दिनेश दाजू, छुट्टी तो तीन हफ्त की मिल रे, पर घर मी धान की  फसल पाकी रे, तो मी घर में थोडा मदद कारन क लीजी जाण रैयो, इज बाजू इकल छि!


एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

CONVERSATION ON LANGUAGE
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हिंदी में : क्या आप गढ़वाली / कुमा उनी बोलनी आती है!

गढ़वाली में-आप सणि गढ़वाली /कुमौउनी भाषा बोलणी ऐ जांदी !


कुमाउनी में : तुमिन के गढ़वाली / कुमा उनी में बोलान उन्छे!



हिंदी में : में समझ लेता हूँ लेकिन बोल नहीं पाता हूँ !

गढ़वाली में -मेरी समझ मा ऐ जांदी पर ब्वली नि सकदु !


कुमाउनी में : मी समझी लियो पर बोली ना सकनियो!




हिंदी में : क्या हमारे परिवार में सभी लोग गढ़वाली / कुमाउनी में बात करते है!

गढ़वाली में-तुमारा परिवार मा सभी ल्वाक गढ़वाली,कुमाउनी मा बात करदन !

कुमाउनी में : तुमार परिवार में सब लोग गढ़वाली / कुमाउनी में बात करनी की ?



हिंदी  : हां मम्मी तो बात करती है लेकिन पिताजी हमें हिंदी और अंग्रेजी में ही बात करने के लिए कहते है!

गढ़वाली में -मांजी ता बात करी यादी पर बाबाजी हमू तैं केवल हिन्दीं और अंग्रेजी में बात कना तैं बोल्दन !

कुमाउनी में : हाँ इज तो बात कर छि, लेकिन बाजू, हमिन के हिंदी और अग्रेजी में बात करण लीजी कूनी!




हिंदी : बेटा यही तो हमारी भाषा ना सीख पानी की कमी है, हमारे माँ बाप ही अपने बच्चो को अपनी भाषा नहीं सिखाना चाहते है !

गढ़वाली में -बेटा ये बात छ की हुम्मु अफडी भाषा नि शिकी सकदन,हमारा मा- बाबाजी नि चांदन की हुम्मु अफ्डा बच्चों तैं,अफडी भाषा नि सीखोण नि चान्दा!

कुमाउनी में  :  च्याला, ये तो हमारी भाषा ना सीख पाण क कमजोरी छो, हमार माँ बाप तो छि जो आपुन नानतिन के आपुन भाषा ना सिखान चान!




हिंदी : चाचा जी बिलकुल सही कह रहे हो, लेकिन में अब कोशिश करूँगा कि पहाडी में बात करू और मम्मी से सबसे पहले सीखूंगा !

गढ़वाली  में -चाचाजी आप सही छन बोलाणा,पर अब मैं कोशिस कोलू की मैं पहाडी भाषा मा बात कलू,अफ्डा मा बाबाजी सी सिखलू !


कुमाउनी में :  काका (छ) बिलकुल सही कूँन रेछा तुमि, लेकिन अब मी कोशिश करूँन कि मी पहाडी में बात करू और सबसे पहली आपुन इज बाटी सीखूंन !
 




एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

By : M S Jakhi Ji -   General Discussion
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गढ़वाली                                                   हिन्दीं                     Kumaoni

1.ब्याली तेन गाल्यी के दिनी                   कल उसने गाली क्यों दी       Beli weel Meeke Gaiyee kya de.

२-तुमु कब आइन                                  आप कब आये                Tumi Kab aa chha!

३-मैन भौल जाण                                  मुझे कल जाना है             Meeke Bhole Jaan Chho 

४-परछी तुमारा ड्यर क्य वेही                 परसों आपके घर मैन क्या हुवा  Poriyo Tumar Ghar me ki hai rechi

५-ब्याली मैं सणि रामू मिली थौ               कल मुझे रामू मिला था         Bheli Meeke Ramu Milchhe! 

६-भौल हमुन माछु मान जाण                  कल हम मच्छी मारने जायेंगे   Bhol sab machh maran joon,

७-ब्याखनी बगत रामलीला जौला             शाम को रामलीला चलेंगे         Byal Bhakat Raam Leela hitoon!

८-प्रछयाक हमारी रवापण छ                   परसों हमारी रोपाई है             Poruhoon Hamari Ropayee chho!

९-भौल हमू दगडी हल लगाण अय्या         कल हमारे साथ हल लगाने आना  Bhol myar dagad hauv baan hitiye.

1०-प्रछयाक मैं तुमु दगडी औलू                 परसों मैं आपके साथ आऊंगा    Poruho Mee Tumar Dagad hoon.

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

यहाँ पर कुछ गढ़वाली वाक्य है,हिंदी रूपांतर के साथ !!- by M S Jakhi

गढ़वाली                                               हिंदी रूपांतर                               कुमाउनी -

१-ऊ क्या देलो हैका शुख !                           वो क्या सुख देगा दूसरों को !           कुमा उनी - वो की सुख देल दुसर के !

२-वो ता गरीबू की मदद करदू                      वो गरीबों की सहायता करता है          कुमा उनी - वो गरीब क मदद करू !   

३-गरीबू तैं कभी नि सतायुं चैन्दु                   गरीबों को कभी भी नहीं सताना चाहिए   कुमा उनी - गरीब के कभे नि सतून चे!

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720

Some Common Sentences
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हिंदी : तुम्हारे गाव से अल्मोडा कितना दूर है ?

गढ़वाली में- तुमारु गौं अल्मोडा बीटी कथ्गा दूर छ !

कुमाउनी में : तुमार घर बटी अल्मोडा कदी दूर छो !


हिंदी :  आपने ने अपना पढाई लिखाई कहाँ से की ?

गढ़वाली में -आपण अफरी पडे-लिखै कख बीटी करी !

कुमाउनी में : तुमिल आपुन पढाई लिखाई कहाँ बटी करी ?


हिंदी :  आप उत्तराखंड में कहाँ कहाँ घूमे है !

गढ़वाली में -आप उत्तराखंड मा कख घुमिन !

कुमाउनी में : तुमि उत्तराखंड में को को जाग घूमी रछा!


हिंदी :  क्या आप बदरीनाथ मंदिर में गए है कभी ?

गढ़वाली में -आप कभी बद्रीनाथ भी गैन !

कुमाउनी में : क्या तुमि बद्रीनाथ मंदिर में कभे जा रछा ?

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720



हिंदी : राजू क्या मेरे साथ बाजार चलेगा ?

गढ़वाली में-राजू मैं दगडी बाजार चललू क्या !

कुमाउनी में : राजू म्यार दगाड बाजार हिटले के ?

हिंदी : राजू - यार मेरे पास अभी काफी काम है, मे नहीं आ पाउँगा!

गढ़वाली में -यार मैं म अभी भौत काम छ मैं नि ऐ सकदु !


कुमाउनी में : राजू - यार म्यार पास येळ बहुत काम छो, मी नि आ सकूँ !

हिंदी : कोई बात नहीं यार, में चलता हूं

गढ़वाली में-क्वी  बात नि यार मैं चल्दु छौं !

कुमाउनी में  : कोई बात ने nar मी hitoo !

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720



हिंदी : आपका घर उत्तराखंड में कहाँ पड़ता है!

गढ़वाली में-आपकू घर उत्तराखंड म कख पडदू !


कुमाउनी में : तुमार घर उत्तराखंड में को जाग पडो!

हिंदी : मेरा घर उत्तराखंड में अल्मोडा में पड़ता है !

गढ़वाली में -मेरु घर अल्मोडा उत्तराखंड म पडदू !


कुमाउनी में : म्यार घर उत्तराखंड में अल्मोडा में पडो!

हिंदी : आप दिल्ली से कौन से रास्ते जाते हो !

गढ़वाली में-आप दिली बिट्टी के बाटा जांदा !

कुमाउनी में :  तुमि दिल्ली बटी को बाट बे जाछा !

हिंदी : काठगोदाम तक रेल सेवा है और वहां से टैक्सी और गाडिया मिल जाती है! काठगोदाम से, भीमताल और नैनीताल के और से गिथिया दो रास्ते है जो की दोनों भवाली में मिलते है ! लेकिन भीमताल वाला रास्ता कुछ नजदीक है! भवाली से अल्मोडा लगभग ४० किलोमीटर है !

गढ़वाली में- काठगोदाम तलाक रेल गाडी मा, अर तख बीटी टेक्सी या गाडी मिली जांदी,काठगोदाम बीटी भीमताल अर नैनीताल की तरफ बीटी,गिथिया मा द्वि बाटा छन,जू की द्वि भवाली मा मिल्दन ,पर भीमताल वालू बातु थोडा नजीक पडदू ,भवाली बीटी अल्मोडा ४० किलोमीटर दूर छ !


कुमाउनी में :  काठगोदाम तक रेल सेवा छो और वह बटी टैक्सी और गाडिया मिल जानी ! काठगोदाम बटी, भीमताल और नैनीताल क तरफ गिथिया द्वी बात छि जो भवाली में मिलाने ! लेकिन भीमताल वाल बाट कुछ नजदीक छो! भवाली बटी अल्मोडा लगभग ४० किलोमीटर दूर छो!

chris

यह बहुत अच्छी बात है कि आप लोग मेरा पहड़ का वेब साइट चलाते हैं और गढ़वाली और कुमाऊंनी भाषाऒं का इतना बढ़िया प्रचार करते हैं. मैं एक विदेशी हूँ (पोलेण्ड से) जो कई बर उत्तरखण्ड गया था. न केवल आपका प्रदेश मुझे बहुत अच्छा लगा बल्कि भी मैं आपकी संस्कृति और भाषा में दिलचस्पी रखने लगा. चूंकि मैं अभी एक शोधपत्र पहाड़ी उपबोलियों के बारे में लिख रहा हूं, मैं आपसे यह पूछना चहता था कि आप मेरे लिये कुछ वाक्यों का अनुवाद हिन्दी से गढ़्वाली और कुमाऊंनी में कर सकते हैं?

Devbhoomi,Uttarakhand

हेल्लो क्रिश मेरा पहाड़ मैं आपका हार्दिक स्वागत है, और सबसे बड़ी ख़ुशी की बात ये हैं की आपको मेरापहद बहुत ही अच्छा लगा हम आपके शुक्र गुजार है, और आपको जो सब्दों के अर्थ या  गढ़वाली अनुवाद या कुमाउनी अनुवाद जो मदद चाहिए हम सब आपके साथ है,

Devbhoomi,Uttarakhand

हिन्दीं में - भाई जी प्रणाम,आज सुबह सुबह कहाँ जा रहे हो आप ?

गढ़वाली में -भेजी प्रणाम,अज सुबेर-सुबेर कख छन जाणा?



हिन्दीं में -प्रणाम,क्या करूँ भाई आज हमारे हल लगाने वाला नहीं आया है,में हल लगाने जा रहा हूँ !

गढ़वाली में -प्रणाम ,भुला क्या कण आज हमारू हल्या नि आई ,त में हल् लगाण छौं जाणु !


हिन्दीं में - भाई जी मुझे भी हल् लगाने का बहुत सौक है, में आऊं क्या आपके साथ ?

गढ़वाली में -बहिजी मैं सणी भी हौल लगाण कु भौत सौक छ, मैन भी ओण क्या तुमु दगडी ?