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Superstition In Uttarakhand Culture - उत्तराखंड के समाज मे फैले अंधविश्वास

Started by एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720, July 03, 2008, 03:54:23 PM

पंकज सिंह महर

चूल्हे में जलती आग में रोटी बनाते समय अगर आवाज आती है (फुर-बुर्र) तो माना जाता है कि कोई गाली कर रहा है।
    इसी प्रकार से बोलते समय या अचानक गले में खरास होने लगे तो भी कहा जाता है कि गाली कर रहा है।

सन्दीप काला

रसोई मे अगर हल्ला करो, तो कढ़ाई मे तेल कम पड़ जाता है ।  ;D

Anubhav / अनुभव उपाध्याय

Bhai yeh to bada ajeebo gareeb example hai ;D

Quote from: सन्दीप काला on July 10, 2008, 03:46:30 PM
रसोई मे अगर हल्ला करो, तो कढ़ाई मे तेल कम पड़ जाता है ।  ;D

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720


इसे देखिये

खड़े -२ खाने नही खाना.

अन्धविश्वास : मिर्गी आ सकती है

हेम पन्त

एक प्रचलित अन्धविश्वास यह भी है कि सोते समय सिर की तरफ़ पानी का बर्तन नहीं रखा होना चाहिये.  ऐसा कहा जाता है कि सोने वाले की आत्मा उस पानी के बर्तन में घुस जाती है.

एम.एस. मेहता /M S Mehta 9910532720



हेम दा,

एक मुझे और याद आ गया !

यह भी हमारे पहाड़ मे प्रचलित है कि सोते समय सिराना दक्षिण दिशा कि ओर नही होना चाहिए ! लोग मानते है जब आदमी मर जाता है तब उसका सर दक्षिण दिशा की रख के लेटाया जाता है !

और दूसरी मान्यता है की दक्षिण दिशा की और सिर को रख के लेटने से बुरे सपने आते है !

अरुण भंडारी / Arun Bhandari

Sabhi ko Namaskar Ho.....

Aap sabhi logo ke dawara likhe Andvishwas ke baar mein pada aap sabhi logo ne bahut hi aacha or sahi likha hai per mein sabhi se ek baat puchna chahuga ke...

Kya aap log in sab mein vishwas karte hai ki nahi sabhi log apne-2 baare mein bataya....

हेम पन्त

खाना बनाते समय चूल्हे की आग से भरभराहट की आवाज आने को "आग भूराना" कहा जाता है. आग भूराने पर ऐसा माना जाता है कि चूल्हे के आस-पास बैठे लोगों को कोई याद कर रहा है...

Quote from: Himanshu Pathak on July 04, 2008, 12:06:39 PM

अगर चूल्हे में आग जलते हुए आग फडफडाने  लगे तो एसा कहा जाता है, कोई हमारे घर आने के लिए रास्ता लग चुका है| 


हेम पन्त

अन्धविश्वासों को मानना तो मूर्खता ही कही जायेगी लेकिन उपरोक्त उदाहरणों को पढकर यह लगता है कि हम लोग बहुत ज्यादा रूढिवादी और जटिल अन्धविश्वासों को नहीं मानते. दरअसल इनमें से अधिकतर विश्वास मान्यताएं हैं, अन्धविश्वास नहीं.  और फिर किसी के छींकने पर घर के बङे-बुजुर्गों के कहे अनुसार आप कुछ सेकण्ड रुक जाते हैं तो इसमें कोई बुराई नहीं...

Quote from: Arun Bhandari on October 10, 2008, 01:21:25 PM
Sabhi ko Namaskar Ho.....

Aap sabhi logo ke dawara likhe Andvishwas ke baar mein pada aap sabhi logo ne bahut hi aacha or sahi likha hai per mein sabhi se ek baat puchna chahuga ke...

Kya aap log in sab mein vishwas karte hai ki nahi sabhi log apne-2 baare mein bataya....

Mukesh Joshi

Quote from: सन्दीप काला on July 10, 2008, 03:46:30 PM
रसोई मे अगर हल्ला करो, तो कढ़ाई मे तेल कम पड़ जाता है ।  ;D

ager aap koi cheej tal rahe ho to pakore ,suwal aadi to aapas main baat nahi karni
chahiye teail is liye kam pad jayega kiyuki jal ke ud jaye ga